राजनीतिराष्ट्रीय

राजस्थान में जारी सियासी घमासान को लेकर वसुंधरा राजे ने साधी चुप्पी

जारी घमासान के बीच वसुंधरा राजे की चुप्पी के बाद उठ रहे सवाल

जयपुर: राजस्थान कांग्रेस में जारी घमासान के बीच पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की चुप्पी के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या बीजेपी में सबकुछ ठीक है। ऐसा इसलिए क्योंकि कांग्रेस सरकार में दरार पड़ते ही केंद्रीय गजेंद्र सिंह शेखावत, बीजेपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ओम माथुर, गुलाब चंद कटारिया समेत कई दिग्गज नेता लगातार गहलोत सरकार पर हमलावर हैं।

वहीं वसुंधरा राजे पूरे मामले से दूरी बनाए हुए हैं। वो सोशल मीडिया पर दूसरे मुद्दों को उठा रही हैं, लेकिन गहलोत सरकार या फिर कांग्रेस को लेकर अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। इस बीच वसुंधरा को लेकर आवाज बुलंद होने लगी है।

गुरुवार को नागौर लोकसभा सीट से सांसद और बीजेपी की अगुवाई वाले राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (NDA) के साझेदार हुनमान बेनीवाल ने पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे पर बेहद गंभीर आरोप लगाया है।

बेनीवाल ने कहा कि वसुंधरा ही अशोक गहलोत की कांग्रेसी सरकार की डूबती नैया की खेवैया बनी हुई हैं। हनुमान बेनीवाल ने ट्विटर पर #गहलोतवसुंधरागठजोड़ के हैशटैग के साथ लिखा, ‘पूर्व सीएम वसुन्धरा राजे, अशोक गहलोत की अल्पमत वाली सरकार को बचाने का पुरजोर प्रयास कर रही हैं, राजे द्वारा कांग्रेस के कई विधायकों को इस बारे में फोन भी किए गए!’

नागौर सांसद ने अपने ट्वीट में गृह मंत्री अमित शाह, उनके दफ्तर, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, राजस्थान बीजेपी और अपनी पार्टी आरएलपी को टैग भी किया।

पायलट पर बीजेपी की ‘वेट एंड वॉच’ की रणनीति

ऐसा माना जा रहा कि सचिन पायलट को लेकर बीजेपी खेमा जिस तरह से एक्टिव नजर आ रहा, वसुंधरा राजे इसके लिए तैयार नहीं है। ऐसा इसलिए क्योंकि राजे का राजस्थान बीजेपी में खासा दबदबा है। पार्टी नहीं चाहती कि उन्हें नाराज किया जाए। यही वजह है कि सचिन पायलट को पार्टी में शामिल कराने से पहले आलाकमान सभी पहलुओं पर विचार करने में जुटी हुई है।

बीजेपी का रुख अब वेट एंड वॉच का है। उन्हें इंतजार सचिन पायलट के आगे की रणनीति का है, यही वजह है कि वो जल्दबाजी नहीं करना चाहते हैं। बीजेपी को राजस्थान विधानसभा में फ्लोर टेस्ट का इंतजार है।

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button