दुर्लभ बीमारी से पीड़ित 3 साल के बच्चे के लिए विराट-अनुष्का ने बढाया मदद का हाथ

9 जून को ZOLGENSMA इंजेक्‍शन दिया गया

नई दिल्ली:हैदराबाद में एक 3 साल का बच्चा दुर्लभ बीमारी स्‍पाइनल मस्‍कुलर एट्रॉफी (SMA) से पीड़‍ित है, जिसके उपचार के लिए उसे 9 जून को ZOLGENSMA इंजेक्‍शन दिया गया. यह एक सिंगल डोज इंट्रावेनस इंजेक्‍शन है, जिसकी कीमत 16 करोड़ रुपये है. यह रकम क्राउड फंडिंग से जुटाई गई.

दवा भारत में उपलब्‍ध नहीं है, इसलिए इसे अमेरिका से मंगवाया गया, जिस पर लगभग 6 करोड़ रुपये की इंपोर्ट ड्यूटी आती है. लेकिन सरकार ने इसे माफ कर दिया. बच्चे की मदद के लिए विराट कोहली और अनुष्का शर्मा जैसी कई बड़ी हस्तियों ने आगे बढ़कर मदद की जिसकी बदौलत उसका इलाज कराया जा सका.

पैसा जुटाने के लिए अयांश के तकनीकी विशेषज्ञ पिता और उनकी मां क्राउडफंडिंग के लिए गए और अब दुनिया की सबसे महंगी इंजेक्शन में हासिल हुई और अब इस बच्चे को दिया गया.

रेनबो चिल्ड्रेन हॉस्पिटल ने दुर्लभ जीन थेरेपी का ऑपरेशन किया और तीन साल पुराने एसएमए केस का इलाज किया और दुनिया की सबसे महंगी दवा जोल्गेन्स्मा (ZOLGENSMA) का इस्तेमाल किया गया.

योगेश गुप्ता और रूपल के 3 साल के बेटे अयांश गुप्ता, स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी (एसएमए) से पीड़ित थे और अब उन्हें 9 जून को हॉस्पिटल में ZOLGENSMA का इंजेक्शन दी गई.

इम्पैक्टगुरु डॉट कॉम द्वारा क्राउडफंडिंग कराए जाने की वजह से माता-पिता पैसे का इंतजाम करने में कामयाब रहे. साथ ही केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने करीब 6 करोड़ के टैक्स को माफ कर दिया. रेनबो हॉस्पिटल्स ने अयांश के माता-पिता द्वारा बेटे की जान बचाने के अथक प्रयासों के लिए दिखाए गए दृढ़ता और साहस की सराहना की है.

अयांश के पिता योगेश गुप्ता ने कहा, “हम सभी दानदाताओं और इम्पैक्टगुरु के आभारी हैं, जिन्होंने अयांश को दुनिया की सबसे महंगी दवा दिलवाकर उसे जिंदगी का उपहार दिया है.”

अयांश के लिए इम्पैक्टगुरु फंडरेजर ने 62,450 से अधिक दाताओं से मिली सहयोग राशि की जरिए 14.84 करोड़ रुपये प्राप्त किए. इस क्राउडफंडिंग अभियान के तहत एकल उच्चतम दान 56 लाख रुपये का रहा.

भारत में उपलब्ध नहीं ZOLGENSMA

ZOLGENSMA दुनिया की सबसे महंगी दवा है, जो वर्तमान में भारत में उपलब्ध नहीं है. इसे यूएसए से 2,125,000 अमेरिकी डॉलर (16 करोड़ रुपये) में आयात किया गया है.
स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी एक प्रोग्रेसिव न्यूरोमस्कुलर बीमारी है जो SMN1 जीन में दोष के कारण होती है. प्रभावित बच्चे में शुरू में ऊपरी और निचले अंगों की मांसपेशियों में कमजोरी बढ़ती है, लेकिन समय के साथ उसे सांस लेने में कठिनाई और निगलने में कठिनाई होती है.

एसएमए आमतौर पर 10,000 बच्चों में से किसी 1 को प्रभावित करता है, और वर्तमान में भारत में लगभग 800 बच्चे एसएमए से पीड़ित हैं, और उनके दूसरे जन्मदिन तक पहुंचने से पहले ही तीन गुना अधिक बच्चे मर जाते हैं.

ZOLGENSMA एक सिंगल डोज इंटरावेनस इंजेक्शन जीन थेरेपी है, जिसमें खराब SMN1 जीन को एडेनोवायरल वेक्टर के माध्यम से बदल दिया जाता है.

इससे पहले, दो बच्चों को अगस्त 2020 और अप्रैल 2021 में रेनबो चिल्ड्रेन हॉस्पिटल, सिकंदराबाद में ZOLGENSMA दिया गया था और नोवार्टिस द्वारा अनुकंपा के आधार पर दवा मुफ्त प्रदान की गई थी.

अयांश के लिए इस महंगी दवा की व्यवस्था को लेकर बॉलीवुड सेलेब्रिटीज और क्रिकेटर्स ने भी अपना योगदान दिया था. योगदान देने वालों में विराट कोहली, अजय देवगन, अनिल कपूर, अनुष्का शर्मा, श्रद्धा कपूर, आलिया भट्ट, राजकुमार राव, कार्तिक आर्यन, सारा अली खान, अर्जुन कपूर, अनुराग बसु के अलावा आर अश्विन, वाशिंगटन सुंदर, दिनेश कार्तिक जैसी बड़ी संख्या में इम्पैक्टगुरु फंडरेजर की मदद की.

Tags

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button