विराट कोहली ने पूर्व कप्तान धोनी को लेकर कही ये बात जानें आप भी!

विराट तो एडिलेड में दूसरे वनडे में आजमाए गए बल्लेबाजी क्रम के पक्ष में नजर आए।

भारत ने भले ही टीम में तीन बदलाव कर शुक्रवार को तीसरे और अंतिम वनडे में ऑस्ट्रेलिया को रौंदकर तीन मैचों की सीरीज पर 2-1 से कब्जा जमाया लेकिन कप्तान विराट कोहली इस टीम के संतुलन से पूरी तरह संतुष्ट नहीं है।

महेंद्रसिंह धोनी मेलबर्न में तीसरे वनडे में चौथे क्रम पर उतरे और उन्होंने 87 रनों की नाबाद मैच विजयी पारी खेली लेकिन विराट तो एडिलेड में दूसरे वनडे में आजमाए गए बल्लेबाजी क्रम के पक्ष में नजर आए।

एडिलेड में भारत ने अंबाती रायुडू, धोनी, दिनेश कार्तिक और रवींद्र जडेजा को क्रमश: चौथे, पांचवें, छठे और सातवें क्रम पर बल्लेबाजी के लिए उतारा था।

कोहली को लगता है कि टीम का यह बल्लेबाजी क्रम ज्यादा संतुलित है। कोहली ने यह राय इस बात को भी ध्यान में रखकर दी कि टीम को अभी विस्फोटक बल्लेबाजी करने वाले ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या के बगैर खेलना पड़ रहा है।

विराट ने वनडे सीरीज में मिली जीत के बाद कहा कि नंबर चार का स्थान बल्लेबाजी में ऐसा है जिसको स्थिर करने की जरूरत है।

हालांकि उन्होंने इस वर्ष विश्व कप तक नंबर चार के स्थान के लिए अंबाती रायुडू का बचाव भी किया। भारतीय कप्तान ने कहा कि नंबर चार के स्थान पर आजमाइश अभी भी जारी है।

एडिलेड में रायुडू नंबर चार पर खेले थे। मैं तब तक इस स्थान पर खिलाडि़यों को आजमाना जारी रखना चाहता हूं जब तक कोई अनुभवी यहां अपनी जिम्मेदारी नहीं निभाए।

उन्होंने कहा कि अगर आप पिछला मैच देखें तो रायुडू नंबर चार पर उतरे थे, धौनी पांच पर और दिनेश कार्तिक नंबर छह पर। इस मैच में हम विजय शंकर और केदार जाधव को टीम में लाए।

हम कार्तिक के स्थान में बदलाव नहीं लाना चाहते थे, क्योंकि वह अच्छी भूमिका निभा रहे हैं। भारत ऑस्ट्रेलिया में तीनों ही सीरीज में अजेय रहने वाला पहला देश बना है।

इस पर कोहली ने कहा कि मध्यक्रम एडिलेड में काफी संतुलित था। कई बार आप जब संयोजन के बारे में सोचते हैं तो आपको कुछ बदलाव करने पड़ते हैं। जो भी नंबर चार पर बल्लेबाजी करता है उसे विश्व कप में जिम्मेदारी निभानी होगी।

रोहित शर्मा समेत कई दिग्गज यह सुझाव दे चुके हैं कि धोनी के अनुभव को देखते हुए उन्हें चौथे क्रम पर बल्लेबाजी के लिए उतारा जाना चाहिए लेकिन कोहली का मानना है कि धोनी पांचवे क्रम के लिए आदर्श पसंद है।

धोनी खुद भी कह चुके है कि उन्हें टीम के हित में किसी भी क्रम पर बल्लेबाजी करने में कोई परेशानी नहीं है। विराट ने कहा कि जब हार्दिक टीम में नहीं हो तो टीम को किसी तरह संतुलित करना होता है।

यदाकदा रणनीति में बदलाव हो सकता है लेकिन हम एक टीम के रूप में यह तय कर चुके हैं कि धोनी और टीम की भलाई के लिए धोनी को पांचवें क्रम पर ही उतारा जाना सबसे लाभदायक है।

 

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