ज्योतिष

कुलभूषण सुधीर जाधव को क्या होगी फांसी ?

आचार्या रेखा कल्पदेव:

कुलभूषण सुधीर जाधव (कुलभूषण यादव, कथित उर्फ हुसैन मुबारक पटेल)।10 अप्रैल 2017 को पाकिस्तानी सरकार द्वारा उनपर बलूचिस्तान के पाकिस्तानी प्रांत में आतंकवाद और भारत की खुफिया एजेंसी, रिसर्च एंड एनालिसिस विंग के लिए जासूसी करने का आरोप लगाते हुए गिरफ्तार किया गया। जबकि वास्तविकता यह है कि इन्हें ३ मार्च, २०१६ में ईरान से अगवा कर जेल में डाल दिया गया।

तब से लेकर अभी तक कुलभूषण सुधीर जाधव एक जासूस के रुप में पाकिस्तान की जेल में हैं और पाकिस्तान मनमाने तरीके से उन्हें फांसी देने का विचार कर रहा है, जबकि भारतीय सरकार इनकी रिहाई के लिए अंतराष्ट्रीय स्तर पर न्याय की लड़ाई लड़ रहा है। आईये इनकी कुंडली से देखें कि आगे इनके जीवन का क्या रहेगा-

इनकी कुंडली मेष लग्न और कर्क राशि

इनकी कुंडली मेष लग्न और कर्क राशि की है। लग्न भाव में आयेश व दशमेश शनि, पंचमेश सूर्य, द्वितीयेश व सप्तमेश (मारकेश) शुक्र और तृतीयेश व षष्ठेश बुध की युति है। लग्न भाव में चार ग्रहों का एक साथ होना, इस कुंडली को विशेष बना रहा है। कुंडली की खास बात यह है कि पंचमेश सूर्य उच्चस्थ है और नीचस्थ शनि के साथ है।

अष्ट्म भाव पर अष्ट्मेश मंगल की दृष्टि आ रही हैं, इसलिए यह भाव विशेष बली हो गया है। जिस समय इन्हें गिरफ्तार किया गया उस समय इनकी मंगल महादशा में राहु की अंतर्द्शा प्रभावी थी। राहु स्वनक्षत्र शतभिषा में स्थित है और शनि की राशि में है। राहु द्वादशेश गुरु का दृष्टि प्रभाव है। इसके साथ ही राहु का भी गुरु पर परस्पर दृष्टि प्रभाव है।

वर्तमान में बुध की अंतद्शा चल रही है। बुध इस लग्न के लिए तीसरे और छठे भाव के स्वामी होने के कारण अशुभ फलदायक है। छ्ठा भाव कोर्ट कचहरी और मुकद्दमों का भाव है, इस भावेश की अंतर्द्शा में इन्हें परेशानियां झेलनी पड़ी।

केतु पंचम भाव में स्थित है और पंचमेश उच्चस्थ

केतु पंचम भाव में स्थित है और पंचमेश उच्चस्थ है, अत: पूर्व जन्म के शुभ कर्मों के फलस्वरुप इन्हें यह जीवन प्राप्त हुआ।इस समय गोचर में गुरु वृश्चिक राशि इनके अष्टम भाव पर गोचरस्थ है, यहां से गुरु द्वादश भाव को बली कर रहा हैं। केतु और शुक्र की अंतर्द्शाएं इनके जीवन को तय कर सकती है।

केतु को जीवन बदलने वाला ग्रह कहा भी गया है। अत: अप्रैल 2020 से इनके केस में महत्वपूर्ण बदलाव शुरु हो सकते है। वर्ष 2020 में पाकिस्तान के साथ रिश्ते बहुत बिगड़ने वाले हैं और इन बिगड़ते रिश्तों की बलि के रुप में पाकिस्तान इन्हें फांसी दे सकता है।

इनकी कुंडली में आयुकारक ग्रह शनि नीचस्थ है और चार ग्रहों की युति में होने के कारण ग्रहयुद्ध में हैं साथ ही वक्री द्वादशेश के प्रभाव में होने के कारण पीडित भी हैं, इस स्थिति में आयु अधिक लम्बी होने की संभावनाएं बहुत कम है।

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