चलती ट्रेन के सामने कूदकर युवक ने की आत्महत्या, आईपीएस प्राची सिंह पर लगाया यह आरोप

महिला आईपीएस पर फर्जी सेक्स रैकेट में फंसाने का लगाया आरोप

लखनऊ:उत्तर प्रदेश के लखनऊ के चांदगंज इलाके में चलती ट्रेन के आगे कूदकर सरकारी कार्यालय में एडहॉक बेसिस पर काम करने वाले कंप्यूटर ऑपरेटर विशाल सैनी (28) ने आत्महत्या कर ली. सुसाइड नोट में सैनी ने लिखा मेरी मौत के लिए प्राची सिंह (आईपीएस 2017 बैच) को जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए.

मृतक द्वारा छोड़े गए नोट में कहा गया है, कि आईपीएस ने मुझे फर्जी सेक्स रैकेट मामले में फंसाकर मेरा करियर बर्बाद कर दिया. मैं अपने माता-पिता और परिवार के सदस्यों का सामना नहीं कर सकता था. मेरी मौत के बाद आईपीएस अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।

आत्महत्या करने से पहले युवक ने 112 में किया था फोन सैनी ने आत्महत्या करने से पहले आपातकालीन सेवा 112 को फोन किया था. इस नंबर पर उसने खुदकुशी करने के फैसले के बारे में सूचित किया था. पुलिस घटनास्थल पर पहुंची तो सैनी का शव दो टुकड़ों में मिला.

आईपीएस प्राची सिंह ने जताया अफसोस

लखनऊ में पुलिस उपायुक्त (उत्तर) प्राची सिंह ने कहा कि कुछ दिन पहले उन्होंने शहर के छह मसाज पार्लर और स्पा सेंटरों पर छापा मारने के लिए एक टीम का नेतृत्व किया था और लगभग 20 लोगों को पकड़ा था. अधिकारी ने कहा, विशाल उनमें से एक था, लेकिन हमने उसे निर्दोष पाकर छोड़ दिया था. मुझे उसके द्वारा इस तरह का कदम उठाने का अफसोस है.

मृतक के माता-पिता ने कहा बेटा स्ट्रीट फूड जाइंट में खा रहा था, पुलिस ने जबरदस्ती उठाया मृतक के माता-पिता ने कहा कि उनका बेटा एक स्ट्रीट फूड जॉइंट में खा रहा था, जब पुलिस ने पास के एक स्पा सेंटर पर छापा मारा था.

मृतक के पिता अर्जुन सैनी ने कहा, मुझे नहीं पता कि पुलिस ने उसे क्यों उठाया था. वह रिहा होने से पहले 20 दिनों तक जेल में था. पुलिस को उसके खिलाफ कोई मामला नहीं मिला. जब से वह घर आया था, तब से वह काफी डिप्रेशन में था.

वहीं वरिष्ठ पुलिस अधिकारी इस घटना पर कुछ बोलने से बचते रहे, लेकिन कहा कि मामले की जांच चल रही है. पूरी जांच होने पर मामला स्पष्ट होगा.

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