गोरक्षा और लव जिहाद रोकने के लिए नाबालिगों को भी बांटे त्रिशूल

गांधीनगर. गांधीनगर में 400 युवाओं जिनमें कुछ नाबालिग भी शामिल हैं उन्हें विश्व हिन्दू परिषद (वीएचपी) और बजरंग दल की ओर से त्रिशूल दीक्षा दी गई। संस्था की तरफ से बुधवार को शहर के कलोल इलाके में यह दीक्षा दी गई। संस्था की तरफ से दावा किया गया कि 6 लाख युवाओं को राज्य भर में त्रिशूल दीक्षा दी गई।

वीएचपी संयोजक और जॉइंट सेक्रेटरी सुरेंद्र जैन ने कहा, ‘गौ माता की हत्या रोकने के लिए, हमारी महिलाओं को लव जिहाद से बचाने और राम मंदिर के निर्माण के लिए त्रिशूल वितरण सही है।’ इस त्रिशूल दीक्षा समारोह का आयोजन करने वाले जैन ने यह भी कहा कि इन दिनों गायों को मारा जा रहा है, लव जिहाद बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, ‘नरेंद्र मोदी का विरोध करने के लिए बीफ पार्टी का आयोजन किया जा रहा है। यूथ कांग्रेस ने खुलेआम गाय काटकर केरल में मांस वितरित किया। ‘

जैन ने कहा, ‘इन हालात में भी कोई कुछ नहीं कह रहा। किसी ने इसका विरोध नहीं किया। स्वाभाविक है कि युवाओं को सड़क पर उतरना ही होगा। गोरक्षा कानूनी रूप से मान्य है, लेकिन पुलिस अकेले यह कर सकने में सक्षम नहीं है। कानून के पालन के लिए युवाओं को भी सड़क पर उतरकर अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।’

उन्होंने यह भी कहा कि त्रिशूल किसी भी तरह से आर्म्स ऐक्ट का उल्लंघन नहीं है। त्रिशूल का आकार 6 इंच से कम है और हमने नियमों को पूरी तरह से ध्यान में रखा है। उन्होंने कहा, ‘हम उन लोगों में से नहीं हैं जो कानून का उल्लंघन करे।’ उन्होंने यह भी कहा कि ‘त्रिशूल दीक्षा’ कार्यक्रम बजरंग दल संगठन कार्यक्रम है। इसका गुजरात चुनाव से कुछ लेना-देना नहीं है।

वहीं, सुरेंद्र जैन ने नाबालिग लड़कों को त्रिशूल दिए जाने पर कहा कि भारत में कम उम्र से ही अस्त्र-शस्त्र प्रशिक्षण की परंपरा रही है। धर्म और संस्कृति की रक्षा के लिए यह किया जाता है। उन्होंने कहा, ‘यह बच्चे नहीं शेर हैं। अपने देश की रक्षा के लिए शेर की तरह वीरता दिखा सकते हैं। किसी को भी इन्हें बच्चा समझने की भूल नहीं करनी चाहिए।’

Back to top button